मुजफ्फरनगर में 7.5 प्रतिशत गिरा इंटरमीडिएट का परीक्षाफल
10वीं कक्षा का परीक्षा फल 91.96 प्रतिशत रहा, 12वीं कक्षा का परीक्षा फल रहा 80.76 प्रतिशत


उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा बोर्ड प्रयागराज की परीक्षा फरवरी में शुरू हुई थी, जिसके बाद मार्च में समाप्त हो गई थी। मार्च के अंत में ही कापियों का मूल्याकंन कार्य शुरू हाे गया था। करीब दस दिन में मूल्यांकन कार्य चलने के बाद अप्रैल में परीक्षा फल घोषित हाे गया। इस वर्ष मुजफ्फरनगर में हाईस्कूल के लिए कुल पंजीकृत 32412 छात्र-छात्राएं पंजीकृत हुए थे, जिसके सापेक्ष 30,782 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी, जबकि इंटरमीडिएट के पंजीकृत 28669 के सापेक्ष 25222 परीक्षार्थियों ने बोर्ड परीक्षा में भाग लिया। गत वर्ष से तुलना की जाए तो 2022 में हाईस्कूल का परीक्षाफल 89.98 प्रतिशत रहा था तथा प्रदेश में 75 जनपदों में 21वां स्थान था, इस वर्ष यह परीक्षाफल 91.96 प्रतिशत रहा तथा प्रदेश में 19वां प्राप्त किया है। इससे प्रदेश के कुल उत्तीर्ण औसत 89.78 प्रतिशत से दो प्रतिशत अधिक रहा। वहीं इंटरमीडिएट में विगत वर्ष परीक्षाफल 88.98 प्रतिशत था तथा प्रदेश में 23वें स्थान पर थे, इस बार इंटर का परीक्षाफल 80.76 प्रतिशत है तथा प्रदेश में 15वें स्थान पर रहे, लेकिन पिछले वर्ष के उत्तीर्ण प्रतिशत से हम लगभग 7.5 प्रतिशत घटे हैं। इसके चलते इंटरमीडिएट पर जनपद को अधिक ध्यान देने की जरूरत है। –

मुजफ्फरनगर के डीआइओएस गजेंद्र कुमार ने बताया कि वर्ष 2023 का बोर्ड परीक्षाफल अच्छा रहा है। पिछले वर्ष की तुलना में इस बार 10वीं कक्षा का परीक्षाफल का प्रतिशत बढ़ा है, जबकि 12वीं कक्षा का प्रतिशत कम हुआ है, हालांकि अच्छी बात है कि दोनों ही कक्षाओं में प्रदेश के 75 जिलों में जनपद की रैंक बढ़ती है।
