
लोकपथ लाइव, मुजफ्फरनगर। भारतीय किसान यूनियन शिक्षक प्रकोष्ठ के नेतृत्व में मंगलवार को बीएसए कार्यालय पर अपनी विभिन्न लम्बित मांगों को लेकर धरना दिया गया। परिषदीय स्कूलों के शिक्षक-शिक्षिकाओं ने इस धरने में भाग लेकर अपनी मांग बुलंद की। वहीं बीएसए को एक ज्ञापन भी सौंपा। धरना प्रदर्शन का संचालन मेहराज खालिद ब्लॉक महामंत्री पुरकाजी व अध्यक्षता राम रतन जिला अध्यक्ष ने की।
भाकियू शिक्षक प्रकोष्ठ के बैनर तले धरने में आवाज उठी कि शिक्षको का चयन वेतनमान सितंबर अक्टूबर माह से देय था, जो आज तक भी संबंधित अध्यापकों के खातों में नहीं पहुंचा है। प्रोन्नत वेतनमान के विषय में भी विगत डेढ वर्ष से प्रयासरत रहने के बावजूद भी आज तक संतोषजनक कार्रवाई नहीं हुई है। माह सितंबर 2025 के बाद से आज तक रसोई माताओं को उनका मानदेय अप्राप्त है, जिस कारण गरीब व बेसहारा (अधिकतर विध्वाऐं) रसोई माताएं भुखमरी के कगार पर आ गई है। दूसरी ओर विद्यालयों में कन्वर्जन कॉस्ट फल आदि की धनराशि भी लाखों-लाखों रूपयो में माइनस में पहुंच गई है। जिस कारण अधिकतर प्रधानाध्यापक को अब उधारी भी मिलना बंद हो गया है।
UP Teacher Protest: टीईटी अनिवार्यता के खिलाफ शिक्षकों का हल्लाबोल
यदि विद्यालयो में मिड डे मील बन्द होता है तो इसके लिए अध्यापक जिम्मेदार नही होगा। शिक्षक नेताओं ने समस्याओं का शीघ्र निवारण नही किए जाने पर बडे आंदोलन, धरना व प्रदर्शन की चेतावनी दी। धरने में प्रदेश अध्यक्ष रविंद्र सिंह रहे। धरने में संगठन में अमित कुमार शर्मा, अमित कुमार तोमर, पूजा शर्मा, क्षितिज नेगी ब्लॉक अध्यक्ष बघरा, सुधीर पोरिया जिला संरक्षक, सपना चौधरी ब्लॉक अध्यक्ष, अध्यक्ष संदीप मलिक सदर, राजदीप चौधरी ब्लॉक महामंत्री, सदर संदीप मलिक अध्यक्ष शाहपुर विवेक कुमार विवेक कुमार ब्लॉक अध्यक्ष बुढ़ाना आदि मौजूद रहे।
Post Views: 29













Total views : 221218